
आज देहरादून के पलटन बाजार में मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने ‘स्वदेशी अपनाओ, राष्ट्र को आगे बढ़ाओ’ जनजागरूकता अभियान की शुरुआत की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने स्थानीय व्यापारियों, नागरिकों और स्वयंसेवी संगठनों से अपील की कि वे स्वदेशी उत्पादों को प्राथमिकता दें, ताकि हमारे देश की अर्थव्यवस्था मजबूत हो सके और स्थानीय उत्पादकों को आत्मनिर्भर बनाने में मदद मिले।
मुख्यमंत्री ने कहा, “स्वदेशी अपनाना केवल एक आर्थिक निर्णय नहीं, बल्कि यह हमारे राष्ट्रीय कर्तव्य का हिस्सा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘आत्मनिर्भर भारत’ और ‘वोकल फॉर लोकल’ के आह्वान को हर नागरिक तक पहुँचाना आज की आवश्यकता है। जब हम अपने देश में निर्मित वस्तुओं को प्राथमिकता देंगे, तो न केवल देश की अर्थव्यवस्था को बल मिलेगा, बल्कि इससे हमारे छोटे उद्यमियों और शिल्पकारों को भी सशक्त किया जा सकेगा।”
मुख्यमंत्री ने व्यापारियों से अपील की कि वे अपनी दुकानों पर स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए स्वदेशी नाम पटिकाएं लगाएं। उनका मानना था कि इस पहल से उपभोक्ताओं में स्वदेशी उत्पादों के प्रति विश्वास और गर्व की भावना उत्पन्न होगी, जो हमारे देश की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करने में मदद करेगा।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने पलटन बाजार की दुकानों का दौरा किया और “स्वदेशी अपनाओ, राष्ट्र को मजबूत बनाओ” के स्टीकर लगाए। उन्होंने उपस्थित जनसमूह से आग्रह किया कि वे त्योहारों और रोजमर्रा के उपहारों में स्वदेशी उत्पादों को प्राथमिकता दें। मुख्यमंत्री ने कहा, “स्वदेशी अपनाने से हम न केवल अपनी सांस्कृतिक धरोहर को संरक्षित करेंगे, बल्कि यह कदम हमारे देश को वैश्विक मंच पर और अधिक सशक्त बनाएगा।”
कार्यक्रम में भारी संख्या में जनप्रतिनिधि, व्यापारी संघों के पदाधिकारी, स्वयंसेवी संगठन और नागरिक शामिल हुए। सभी ने एकजुट होकर स्वदेशी उत्पादों को अपनाने और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में योगदान देने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में स्थानीय युवाओं, व्यापारियों और सामाजिक संगठनों की सक्रिय भागीदारी भी देखने को मिली। उपस्थित जनसमूह ने “स्वदेशी अपनाओ – देश बचाओ” के नारे लगाए और अभियान को समर्थन दिया।
इस अवसर पर राज्यसभा सांसद एवं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष श्री महेंद्र भट्ट सहित कई जनप्रतिनिधि भी मौजूद थे। मुख्यमंत्री के नेतृत्व में यह कार्यक्रम एक प्रेरणादायक कदम साबित हो सकता है, जो स्वदेशी उत्पादों के प्रचार-प्रसार और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण के लिए एक मजबूत आधार प्रदान करेगा।