हैदराबाद। तेलंगाना में आज 123 शहरी स्थानीय निकायों — जिनमें 116 नगरपालिकाएँ और 7 नगर निगम शामिल हैं — के लिए मतदान सुबह 7 बजे से शाम 5 बजे तक आयोजित किया जा रहा है। इस चुनाव में 52 लाख से अधिक मतदाता अपने मतों का इस्तेमाल कर रहे हैं और परिणाम 13 फरवरी 2026 को घोषित किए जाएंगे। राज्य चुनाव आयोग ने 8,000 से ज़्यादा मतदान केंद्र स्थापित किए हैं और लगभग 41,000 मतदान स्टाफ़ को तैनात किया गया है। कुल 12,944 उम्मीदवार इन चुनावों में भाग ले रहे हैं — नगरपालिकाओं के 2,569 वार्डों में 10,719 उम्मीदवार और नगर निगमों के 412 वार्डों में 2,225 उम्मीदवार।
- 14 वार्डों में चुनाव सर्वसम्मति से घोषित किए गए हैं, जबकि एक वार्ड में एक उम्मीदवार की मृत्यु के कारण मतदान स्थगित कर दिया गया है।
- इन चुनावों में मुख्य रूप से कांग्रेस, बीआरएस (भारतीय राष्ट्र समिति) और भाजपा के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिल रहा है।
राजस्व मंत्री पोंगुलेटी श्रीनिवास रेड्डी ने स्पष्ट किया है कि वे मुख्यमंत्री पद की दौड़ में नहीं हैं। उन्होंने कहा कि वे एक समर्पित कांग्रेस कार्यकर्ता के रूप में काम करते रहेंगे। श्रीनिवास रेड्डी ने आरोप लगाया कि बीआरएस सरकार के दौरान शुरू की गई अवैध फोन टैपिंग जैसी कार्रवाइयाँ अब भी जारी हैं। उन्होंने विपक्ष पर मुख्यमंत्री के खिलाफ असंसदीय भाषा और कांग्रेस सरकार पर निराधार आरोप लगाने का आरोप लगाया।
पिछले साल ग्राम पंचायत चुनावों में मिली बड़ी सफलता के बाद, सत्ताधारी कांग्रेस राज्य की राजनीति में अपनी स्थिति मजबूत करने की कोशिश कर रही है। वहीं भाजपा खुद को कांग्रेस और बीआरएस दोनों के लिए एक विश्वसनीय विकल्प के रूप में स्थापित करने की दिशा में सक्रिय है।
बीआरएस ने 2023 के विधानसभा चुनाव और 2024 के लोकसभा चुनावों में हार का सामना किया था, लेकिन ग्राम पंचायत स्तर पर बेहतर प्रदर्शन के बाद अब यह नगरपालिका चुनावों में बड़ी जीत की उम्मीद कर रही है।
मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने कहा है कि कांग्रेस सरकार ने कई कल्याणकारी योजनाएँ लागू की हैं, जिनमें शामिल हैं:
- पीडीएस के तहत उत्तम चावल का वितरण
- आरोग्य श्री स्वास्थ्य योजना
- राज्य बसों में महिलाओं के लिए मुफ्त यात्रा
- गरीबों के लिए 500 रुपये में एलपीजी सिलेंडर
उन्होंने यह भी वादा किया कि प्रत्येक नगरपालिका के विकास के लिए मास्टर प्लान तैयार किए जाएंगे।

