उत्तराखंड। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि जनप्रतिनिधियों द्वारा उठाई गई समस्याओं पर शासन और प्रशासन गंभीरता से कार्य करें। उन्होंने कहा कि विधायक अपने क्षेत्रों की समस्याओं को सरकार तक पहुंचाते हैं, इसलिए उनका समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करना प्रशासन की जिम्मेदारी है।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि अल्पकालिक कार्यों को शीघ्र पूरा किया जाए, जबकि दीर्घकालिक योजनाओं को निर्धारित समयसीमा में चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी।
समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव को निर्देश दिए कि बहु-विभागीय योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित किया जाए। साथ ही इन परियोजनाओं की नियमित समीक्षा मुख्य सचिव स्तर पर की जाए, ताकि अनावश्यक विलंब से बचा जा सके।
उन्होंने अधिकारियों को विधायकगणों के साथ निरंतर संवाद बनाए रखने पर भी जोर दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि इससे समस्याओं की सही जानकारी मिलेगी और उनके समाधान में तेजी आएगी। प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के बीच तालमेल से विकास कार्यों की गुणवत्ता भी बेहतर होगी।
आगामी वर्षाकाल को देखते हुए मुख्यमंत्री ने विशेष तैयारियों के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बरसात से पहले सभी नालों की सफाई, सिल्ट हटाने और जल निकासी की व्यवस्थाएं पूरी कर ली जाएं, ताकि जलभराव और बाढ़ जैसी समस्याओं से निपटा जा सके।
इसके अलावा, ग्रीष्मकाल में संभावित वनाग्नि की घटनाओं को रोकने के लिए भी व्यापक तैयारियां सुनिश्चित करने को कहा गया। मुख्यमंत्री ने विभागों के बीच समन्वय के साथ-साथ जनजागरूकता बढ़ाने पर भी बल दिया।
पेयजल और विद्युत आपूर्ति को लेकर मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि गर्मी के मौसम में ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में निर्बाध जल और बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जाए, ताकि आम जनता को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
बैठक में विधायकों ने सड़क निर्माण एवं मरम्मत, स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण, मिनी खेल मैदानों के निर्माण, फसलों को जंगली जानवरों से बचाने, बाढ़ सुरक्षा कार्यों और जलभराव जैसी समस्याएं उठाईं। मुख्यमंत्री ने सभी मुद्दों पर गंभीरता से विचार करते हुए अधिकारियों को समयबद्ध और प्रभावी समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में कैबिनेट मंत्री, वरिष्ठ अधिकारी और विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।

