कोनासीमा। आंध्र प्रदेश के डॉ. बी. आर. अंबेडकर कोनासीमा जिले के इरुसुमंडा गांव में स्थित तेल एवं प्राकृतिक गैस निगम (ONGC) की मोरी #5 साइट पर गैस रिसाव और ब्लोआउट के बाद प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। इस घटना के बाद उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण ने जिला कलेक्टर और स्थानीय विधायक से फोन पर बात कर हालात की जानकारी ली और जरूरी निर्देश जारी किए।
जिला कलेक्टर महेश कुमार ने बताया कि गैस रिसाव स्थल के एक किलोमीटर के दायरे में आने वाले सभी स्कूलों को खाली करा लिया गया है। क्षेत्र में एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें तैनात कर दी गई हैं। साथ ही प्रभावित इलाकों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के लिए राहत शिविर स्थापित किए गए हैं।
उपमुख्यमंत्री ने कलेक्टर और राजोले विधायक देवा वराप्रसाद को निर्देश दिया कि आसपास के क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को घटना की स्थिति से लगातार अवगत कराया जाए। उन्होंने खासतौर पर यह भी कहा कि सोशल मीडिया पर किसी तरह की अफवाह या भ्रामक सूचना न फैलने पाए, इसके लिए सतर्कता बरती जाए।
पवन कल्याण ने अधिकारियों को आग को आसपास के नारियल के बागानों में फैलने से रोकने के लिए तत्काल कदम उठाने को कहा। उन्होंने सुझाव दिया कि चूंकि यह सर्दियों का मौसम है, इसलिए राहत शिविरों में रह रहे लोगों को जरूरी दवाइयां और कंबल उपलब्ध कराए जाएं, ताकि उन्हें किसी तरह की परेशानी न हो।
फिलहाल प्रशासन हालात पर नजर बनाए हुए है और ओएनजीसी व आपदा प्रबंधन एजेंसियों के साथ मिलकर स्थिति को नियंत्रण में लाने के प्रयास किए जा रहे हैं।
