देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पंचम राज्य वित्त आयोग और 15वें वित्त आयोग की संस्तुतियों के क्रम में प्रदेश के शहरी स्थानीय निकायों और त्रिस्तरीय पंचायतीराज संस्थाओं के लिए बड़ी धनराशि हस्तांतरित करने को मंजूरी दे दी है।
मुख्यमंत्री ने वित्तीय वर्ष 2025-26 की चतुर्थ त्रैमासिक किश्त के तहत सभी शहरी स्थानीय निकायों को कुल 315 करोड़ रुपये जारी करने की स्वीकृति दी है। इसके साथ ही 15वें वित्त आयोग के अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2024-25 की प्रथम एवं द्वितीय किश्त के रूप में भारत सरकार से प्राप्त 94 करोड़ रुपये की धनराशि को वित्तीय वर्ष 2025-26 में संबंधित त्रिस्तरीय पंचायतीराज संस्थाओं को हस्तांतरित करने का भी अनुमोदन किया गया है।
मुख्यमंत्री ने उत्तराखण्ड जल विद्युत निगम लिमिटेड के अंतर्गत राज्य पोषित सरकारी भ्योल-रूपसियाबगड़ जल विद्युत परियोजना (120 मेगावाट) के लिए कैट प्लान मद में एनपीवी, क्षतिपूरक वनीकरण सहित वन भूमि की लीज हेतु 15 करोड़ रुपये की योजना को भी स्वीकृति प्रदान की है।
मुख्यमंत्री द्वारा उत्तराखण्ड निवेश और आधारिक संरचना विकास बोर्ड के अंतर्गत
“Development of Ecological Corridor at Naik Goth for Disaster Resilience (पूर्व में किरोड़ा नाला से रिवर फ्रंट तक सड़क विकास एवं भूमि पुनर्ग्रहण योजना)” के निर्माण हेतु 84 करोड़ रुपये की योजना को मंजूरी दी गई है। इस परियोजना से क्षेत्र में आपदा प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने और पर्यावरण संतुलन को मजबूत करने में मदद मिलेगी।
कृषि एवं कृषक कल्याण विभाग के अंतर्गत “Mission for Self-Reliance in Pulses” योजना के लिए चालू वित्तीय वर्ष 2025-26 में वित्तीय एवं प्रशासनिक स्वीकृति भी मुख्यमंत्री द्वारा प्रदान की गई है। इससे प्रदेश में दालों के उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा और किसानों को सीधा लाभ मिलेगा।
इन सभी निर्णयों से प्रदेश के नगर निकायों, पंचायतों, ऊर्जा परियोजनाओं, आपदा प्रबंधन और कृषि क्षेत्र को मजबूती मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

