
सांस तेज़ होती हैं तो धड़कन भी ज़्यादा होती है। लंबी उम्र का सारा कनेक्शन धड़कन से ही होता है। यानि कि सांस का तरीका सही हो तो धड़कन भी नॉर्मल रहती है और उम्र भी लंबी होती है। इसलिए सांस लेते वक्त SSLD का ध्यान ज़रूर रखें। SSLD का मतलब है स्मूद, स्लो, लॉंग, डीप यानि सांस हमेशा आराम से लें, धीमें ले, लंबी और गहरी लें। हफ्ते में सातों दिन एक्सरसाइज़ ज़रूर करें, जिन लोगो को रोज वक्त नहीं मिलता तो वो वीकेंड वॉरियर्स बन सकते हैं।
क्या है वीकेंड वॉरियर्स ??
वीकेंड वॉरियर्स यानि एक पैटर्न हैं, जिसमें लोग हफ्ते में सिर्फ 2-3 दिन ही एक्सरसाइज़ करते हैं। लेटेस्ट स्टडी से पता चला है कि वीक में 2-3 दिन भी वर्कआउट कर लिया तो मौत का खतरा 21% तो हार्ट अटैक का रिस्क 33% तक कम हो सकता है। 2 दिन, 3 दिन, 7 दिन, जितने दिन हो करो पर करो ज़रूर। दिल के दौरे से मौत का आंकड़ा दोगुने से भी ज़्यादा हो गया है। अगर आपने सांस लेने का तरीका सुधारा, खानपान बदला, पसीना बहाना शुरू किया तो यकीन मानिए लोगों का दिल उन्हें धोखा नहीं देगा।
दिल को रखे स्वस्थ –
दिल हेल्दी रहेगा तो 150 साल भी चल सकता है। दिल हर दिन 7600 लीटर ब्लड पंप करता है और हार्ट का वजन 150 ग्राम होता है। इसलिए दिल का खास ख्याल रखने की जरूरत है।
हार्ट अटैक के लक्षण –
चेस्टपेन
कंधे में दर्द
अचानक पसीना
तेज धड़कन
थकान-बेचैनी
सांस की दिक्कत
हार्ट के लिए सुपरफूड –
हार्ट के लिए ओमेगा-3 फैटी एसिड से भरपूर अलसी के बीज बहुत फायदेमंद होते हैं। दिल को सेहतमंद रखने के लिए लहसुन खाएं, दालचीनी का सेवन करें और हल्दी को डाइट का हिस्सा जरूर बनाएं। इसके अलावा 1 चम्मच अर्जुन की छाल, 2 ग्राम दालचीनी और 5 पत्ता तुलसी लेकर उबालें और काढ़ा बना लें। इसे रोज पीने से दिल मजबूत होगा।
मोटापा घटाने के लिए –
मोटापा घटाने के लिए खाने में त्रिफला जरूर शामिल करें। रोज रात में 1 चम्मच त्रिफला गर्म पानी से लें। इससे डायजेशन बेहतर होगा और वजन भी कम होने लगेगा। कब्ज की समस्या से परेशान रहने वालों के लिए त्रिफला असरदार है।